धिक्कार
'पुलिस आ रही है, भागो, भागो...' गांव भर में यह आवाज गूंजी, और हर कोई सिहर उठा. पुलिस रेड जंगल...
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Read moreDetailsतुर्की की कम्युनिस्ट पार्टी - मार्क्सवादी-लेनिनवादी (टीकेपी-एमएल) की केंद्रीय समिति के राजनीतिक ब्यूरो के एक सदस्य के साथ इस महत्वपूर्ण...
Read moreDetails'लिन पियाओ का संशोधनवाद अन्य अवसरवादियों से भिन्न और विकसित था' - उत्तर तालमेल कमेटी, सीपीआई माओवादी भारत की कम्युनिस्ट...
Read moreDetailsमैं रहूं न रहूं, पर लड़ाई ज़िंदा रहेगी : एक अपरिचय से परिचय तक की दहला देने वाली मुलाक़ात यह...
Read moreDetailsभीमा कोरेगांव हिंसा की असली जड़ कोई एल्गार साजिश नहीं, सवर्ण हिंदुत्व दबदबा है 'कुल्हाड़ी को अभी मेरी आदत नहीं...
Read moreDetails'प्रतिभा एक डायरी' दुनिया के किसी भी हिस्से में उत्पीड़ित, शोषित जनता द्वारा शोषण उत्पीड़न के खिलाफ, साम्राज्यवादी लूट के खिलाफ, जाति, धर्म, नस्ल, क्षेत्र, लिंग के आधार पर हो रहे जुल्म के खिलाफ बुलंद किए गए आवाज का पक्षधर है. इस वेबसाइट पर प्रकाशित किसी भी रचना को जनहित में किसी भी भाषा में, अंशतः या पूर्णत: प्रकाशित किया जा सकता है. अनुमति लेने की आवश्यकता नहीं है.
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