'नास्टेल्जिया फॉर दि लाइट' : एक और 9/11 मनीष आजाद 9/11 आज एक मुहावरा बन चुका है. 2001 के बाद...
Read moreDetailsमाई नेम इज़ सेल्मा : यह सिर्फ़ उस यहूदी महिला की कहानी भर नहीं है… मनीष आजाद 98 साल की...
Read moreDetails'NAZARIYA' : Land Struggles in India मनीष आजाद सोशल मीडिया / इंटरनेट और तेज़ी से बदलते दौर में लघु-पत्रिकाओं के...
Read moreDetails‘वो गुज़रा ज़माना’: नमक के खंभों पर टिका समय…! मनीष आजाद प्रथम विश्व युद्ध के समय आस्ट्रिया और रूस आमने...
Read moreDetails‘पैरेलल मदर्स’: सच से आंख मिलाती महिलाएं और इतिहास… मनीष आजाद भारत जैसे देशों में महिलाओं को मातृत्व का सुख...
Read moreDetails'कायर' : हम सबकी भावनात्मक टकराहटों की कथा... मनीष आजाद 'संवेदना एक दुधारी तलवार है, जो इसका इस्तेमाल करना नहीं...
Read moreDetailsबिरसा मुंडा' की याद में : ‘Even the Rain’— क्या हो जब असली क्रांतिकारी और फिल्मी क्रांतिकारी एक हो जाये...
Read moreDetailsपुस्तक : आउशवित्ज़ : एक प्रेम कथा लेखक : गरिमा श्रीवास्तव प्रकाशक : वाणी प्रकाशन, नई दिल्ली मूल्य : 399...
Read moreDetailsअरुणाचल प्रदेश की हिन्दी लेखिका जोराम यालाम नाबाम के उपन्यास 'जंगली फूल' पर 'अक्षरा' पत्रिका के अक्टूबर, 2021 अंक में...
Read moreDetails'यूटोपिया' : यानी इतिहास का नासूर... मनीष आजाद यह फिल्म आस्ट्रेलिया के एक ऐसे नासूर को छूती है जिस पर...
Read moreDetails'प्रतिभा एक डायरी' दुनिया के किसी भी हिस्से में उत्पीड़ित, शोषित जनता द्वारा शोषण उत्पीड़न के खिलाफ, साम्राज्यवादी लूट के खिलाफ, जाति, धर्म, नस्ल, क्षेत्र, लिंग के आधार पर हो रहे जुल्म के खिलाफ बुलंद किए गए आवाज का पक्षधर है. इस वेबसाइट पर प्रकाशित किसी भी रचना को जनहित में किसी भी भाषा में, अंशतः या पूर्णत: प्रकाशित किया जा सकता है. अनुमति लेने की आवश्यकता नहीं है.
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