इन्द्र कुमार लेखक एक जीवित ईकाई है. इसका सीधा सा तात्पर्य यही है कि वह प्रत्येक अन्याय के विरोध में...
Read moreDetailsसारांश : ब्रिगेडियर बीएल पूनिया, सेवानिवृत्त, ने अपने एक लेख में 1962 के भारत-चीन युद्ध की सच्चाई को स्वीकार करने...
Read moreDetailsगोडसे ने गांधी जी को क्यों मारा ? सरदार वल्लभ भाई पटेल स्वतन्त्र भारत के प्रथम प्रधानमंत्री क्यों नहीं बन...
Read moreDetails...ये दोगलाई कैसे एक्सेप्ट करूं ? इंदिरा गांधी एक दिन सुबह उठी. उन्हें सपने में सावरकर आये थे. उनका मन...
Read moreDetailsसारांश : देशभर में जल, जंगल, जमीन का आंदोलन चल रहा है. यह आंदोलन पर्यावरण और सामाजिक न्याय की लड़ाई...
Read moreDetailsकहीं से लाओ वह दिमाग़ जो ख़ुशामद आदतन नहीं करता : रघुवीर सहाय से पहली और आखिरी मुलाकात चन्द्रभूषण अक्टूबर...
Read moreDetailsसारांश : वेणुगोपाल एक महत्वपूर्ण जनवादी कवि थे, जिन्होंने नक्सलबाड़ी विद्रोह के दौरान अपनी पहचान बनाई. उनकी कविताओं में विद्रोह...
Read moreDetailsबांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख़ हसीना ने संडे को ज़ूम कॉल पर बांग्लादेश की नई सरकार को जमकर गालियां दीं...
Read moreDetailsसारांश : अमेरिका द्वारा अदानी के खिलाफ लगाए गए आरोपों का अर्थ यह है कि अदानी समूह पर अमेरिकी निवेशकों...
Read moreDetailsसारांश : हिंदुत्व फासीवाद और भारतीय लोकतंत्र पर इसके प्रभाव के बारे में एक दिलचस्प लेख है. लेखक का मानना...
Read moreDetails'प्रतिभा एक डायरी' दुनिया के किसी भी हिस्से में उत्पीड़ित, शोषित जनता द्वारा शोषण उत्पीड़न के खिलाफ, साम्राज्यवादी लूट के खिलाफ, जाति, धर्म, नस्ल, क्षेत्र, लिंग के आधार पर हो रहे जुल्म के खिलाफ बुलंद किए गए आवाज का पक्षधर है. इस वेबसाइट पर प्रकाशित किसी भी रचना को जनहित में किसी भी भाषा में, अंशतः या पूर्णत: प्रकाशित किया जा सकता है. अनुमति लेने की आवश्यकता नहीं है.
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