रविश कुमार : मोदी ने भारत को कपोल-कल्पनाओं का देश बना दिया है. चार साल पहले आज ही के दिन...
Read moreDetailsआज से तकरीबन तीन-चार साल पहले लिखा गया यह लेख आज नोटबंदी की बरसी पर प्रकाशित कर रहा हूंं ताकि...
Read moreDetailsआलू के गोदाम भरे पड़े हैं, फिर भी खुदरा आलू 50 से 60 रुपये किलो तक बिक रहा है. उधर,...
Read moreDetailsअमेरिका के 48 प्रतिशत वोटर्स ने ट्रम्प को वोट किया है और ट्रम्प की कोरोना के संबंध में क्या सोच...
Read moreDetailsनवम्बर क्रान्ति मानव इतिहास में घटित सबसे महान घटना है. यह ऐतिहासिक घटना सर्वहारा के जिस महान शिक्षक लेनिन के...
Read moreDetailsवह आदमी जो लिखता है. जो महीने-दर-महीने, हफ्ते-दर-हफ्ते, दिन-रात असबाब जुटाकर लोगों के विचारों को शक्लो-सूरत देता है, दरअसल वही...
Read moreDetailsहेमन्त कुमार झा, एसोसिएट प्रोफेसर, पाटलीपुत्र विश्वविद्यालय, पटना बीते वर्षों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की वैचारिक आलोचना करते हुए मैंने बहुत...
Read moreDetailsपुण्य प्रसून वाजपेयी राजनीति लोकतंत्र को हांकती है. लोकतंत्र राजनीतिक सत्ता की मंशा मुताबिक परिभाषित होती है. लोकतंत्र की चारों...
Read moreDetailsहेमन्त कुमार झा, एसोसिएट प्रोफेसर, पाटलीपुत्र विश्वविद्यालय, पटना बिहार भारत में ही है और अगर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की गलत या...
Read moreDetailsसुब्रतो चटर्जी अमरीका में वोटों की गिनती आख़िरी दौर में है. सारे संकेत जो बाईडेन के पक्ष में हैं. चुनावों...
Read moreDetails'प्रतिभा एक डायरी' दुनिया के किसी भी हिस्से में उत्पीड़ित, शोषित जनता द्वारा शोषण उत्पीड़न के खिलाफ, साम्राज्यवादी लूट के खिलाफ, जाति, धर्म, नस्ल, क्षेत्र, लिंग के आधार पर हो रहे जुल्म के खिलाफ बुलंद किए गए आवाज का पक्षधर है. इस वेबसाइट पर प्रकाशित किसी भी रचना को जनहित में किसी भी भाषा में, अंशतः या पूर्णत: प्रकाशित किया जा सकता है. अनुमति लेने की आवश्यकता नहीं है.
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