हिंसक होकर हम हिंसा से मुक्त कैसे हो सकते हैं !
हिंसक होकर हम हिंसा से मुक्त कैसे हो सकते है ! हिमांशु कुमार मनुष्य हिंसा मुक्त दुनिया बनाना चाहता है....
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Read moreDetailsआवारा और दलाल पूंजी के खतरे के बीच सोनी सोरी के जन्मदिन पर इन्दरा राठौर मोटे तौर पर आवारा और...
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Read moreDetails'नो अदर लैंड', तब जाएं तो जाएं कहां ? तानाशाहों को हमेशा लगता है कि कला जैसे उनके लिए काल...
Read moreDetailsऔरत महिलाएं चूल्हे पर चावल रख रही हैं जिनके चेहरों की सारी सुन्दरता और आकर्षण गर्म चूल्हे से उठती गर्मी...
Read moreDetails'प्रतिभा एक डायरी' दुनिया के किसी भी हिस्से में उत्पीड़ित, शोषित जनता द्वारा शोषण उत्पीड़न के खिलाफ, साम्राज्यवादी लूट के खिलाफ, जाति, धर्म, नस्ल, क्षेत्र, लिंग के आधार पर हो रहे जुल्म के खिलाफ बुलंद किए गए आवाज का पक्षधर है. इस वेबसाइट पर प्रकाशित किसी भी रचना को जनहित में किसी भी भाषा में, अंशतः या पूर्णत: प्रकाशित किया जा सकता है. अनुमति लेने की आवश्यकता नहीं है.
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