भाषा की हिंसा और हिंसा की भाषा : श्रमिक जातियों को अपराधी घोषित करना बंद करें
दुनिया भर में भाषा को राष्ट्र राज्य का एक पैमाना माना जाता है. राष्ट्र की भाषाई उत्पत्ति को लेकर स्टालिन...
Read moreDetailsदुनिया भर में भाषा को राष्ट्र राज्य का एक पैमाना माना जाता है. राष्ट्र की भाषाई उत्पत्ति को लेकर स्टालिन...
Read moreDetails( एक ) हम बंजर कर देना चाहते हैं धरती को काट देना चाहते हैं सभी पेड़ सुखा देना चाहते...
Read moreDetailsमेरे एक मित्र जो तकनीशियन हैं, और अपना बिजनेस चलाकर स्व-रोजगार में जुटे हुए हैं, बताते हैं कि अब वे...
Read moreDetailsगुवाहाटी उच्च न्यायालय के जज अजीत बोरठाकुर सामंतवादी विचारधारा के लगते हैं, जो उन्होंने अपनी ही सहछात्रा का बलात्कार करने...
Read moreDetailsउत्तर प्रदेश में चुनाव होने वाला है. संघियों ने दंगा के लिए योजना बनाना शुरु कर दिया है. अब दंगा...
Read moreDetails'प्रतिभा एक डायरी' दुनिया के किसी भी हिस्से में उत्पीड़ित, शोषित जनता द्वारा शोषण उत्पीड़न के खिलाफ, साम्राज्यवादी लूट के खिलाफ, जाति, धर्म, नस्ल, क्षेत्र, लिंग के आधार पर हो रहे जुल्म के खिलाफ बुलंद किए गए आवाज का पक्षधर है. इस वेबसाइट पर प्रकाशित किसी भी रचना को जनहित में किसी भी भाषा में, अंशतः या पूर्णत: प्रकाशित किया जा सकता है. अनुमति लेने की आवश्यकता नहीं है.
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