बंटवारा, हिंदुस्तान का. रेडक्लिफ लाइन जमीन पर ही नहीं, आम हिंदुस्तानी के दिल पर चला हुआ वो चाकू है, जिसका...
Read moreDetailsहेमन्त कुमार झा, एसोसिएट प्रोफेसर, पाटलीपुत्र विश्वविद्यालय, पटना मोदी जी आर्थिक गुलामी की ओर बढ़ते किसानों, बेरोजगारी से आजिज युवाओं, नौकरी...
Read moreDetailsसंजय मेहता कोविड की साजिश के खिलाफ एक साल पहले यह लिखा था. मैं कोई भविष्यवक्ता नहीं हूं, फिर भी...
Read moreDetailsनरेंद्र मोदी और सनी लियोनी दोनों ही एक जैसे हैं. दोनों का ही अतीत दागदार रहा है. दोनों की सच्चाई...
Read moreDetailsराम अयोध्या सिंह इस संदर्भ में यह पुछना लाजिमी है कि क्या दुनिया में इससे पहले जितने भी संक्रामक और...
Read moreDetailsहिमांशु कुमार, प्रसिद्ध गांधीवादी कार्यकर्ता सलवा जुडूम से पहले बस्तर में मात्र चार सौ पूर्णकालिक माओवादी थे लेकिन जब आदिवासियों के...
Read moreDetailsसुब्रतो चटर्जी जॉन ओसबोर्न ने जब यह नाटक (Look Back in Anger) 50 के दशक में लिखा था तब पश्चिम...
Read moreDetailsफणीश्वरनाथ रेणु के लेखन में लोक की, उनके जीवन और संस्कृति की तरह-तरह की रंग-बिरंगी छवियां हैं. वह मानवीय संवेदनाओं...
Read moreDetailsविश्व बैंक ने कोरोना प्रोजेक्ट के लिए 03 अप्रैल, 2020 को 100 करोड़ डॉलर भारत को देने का एलान किया....
Read moreDetailsसंत समीर दुनिया ने पहली महामारी ऐसी देखी है, जिसको महामारी साबित करने के लिए प्रत्यक्ष प्रमाण नहीं, बल्कि प्रचार...
Read moreDetails'प्रतिभा एक डायरी' दुनिया के किसी भी हिस्से में उत्पीड़ित, शोषित जनता द्वारा शोषण उत्पीड़न के खिलाफ, साम्राज्यवादी लूट के खिलाफ, जाति, धर्म, नस्ल, क्षेत्र, लिंग के आधार पर हो रहे जुल्म के खिलाफ बुलंद किए गए आवाज का पक्षधर है. इस वेबसाइट पर प्रकाशित किसी भी रचना को जनहित में किसी भी भाषा में, अंशतः या पूर्णत: प्रकाशित किया जा सकता है. अनुमति लेने की आवश्यकता नहीं है.
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