‘साहित्य में प्रतिरोध की क्या भाषा होनी चाहिए ?’ बहस अभी खत्म नहीं हुआ है !
'साहित्य में प्रतिरोध की क्या भाषा होनी चाहिए ?' बहस अभी खत्म नहीं हुआ है ! विनोद शंकर 'साहित्य में...
'प्रतिभा एक डायरी' दुनिया के किसी भी हिस्से में उत्पीड़ित, शोषित जनता द्वारा शोषण उत्पीड़न के खिलाफ, साम्राज्यवादी लूट के खिलाफ, जाति, धर्म, नस्ल, क्षेत्र, लिंग के आधार पर हो रहे जुल्म के खिलाफ बुलंद किए गए आवाज का पक्षधर है. इस वेबसाइट पर प्रकाशित किसी भी रचना को जनहित में किसी भी भाषा में, अंशतः या पूर्णत: प्रकाशित किया जा सकता है. अनुमति लेने की आवश्यकता नहीं है.
'साहित्य में प्रतिरोध की क्या भाषा होनी चाहिए ?' बहस अभी खत्म नहीं हुआ है ! विनोद शंकर 'साहित्य में...
पुलिसिया खाल में जनकवि व लेखक विनोद शंकर के घर गुंडा गिरोह के हमले का विरोध करो ! सत्तापोषित पुलिसिया...
विश्व आदिवासी दिवस पर दुनिया भर के आदिवासियों को समर्पित कविता हमारा खून हमेशा बहता रहा है हम लिखते रहे...
मन्दिर से पहले मस्जिद थी मस्जिद से पहले मन्दिर था उस मन्दिर से पहले क्या था ? एक खेत था...
फोटो-एक ऊर्जा कंपनी ने अट्टापडी पहाड़ियों में आदिवासी भूमि पर अवैध रूप से पवन चक्कियां खड़ी कर दी. राज्य सरकार...
हिरोशिमा, शिन और 'क्लाड इथरली' : एक लहूलुहान चेतना मनीष आजाद हिरोशिमा पर परमाणु बम गिरने के ठीक 4 दिन...
जनवादी कवि व लेखक विनोद शंकर और विश्व आदिवासी दिवस पर आयोजित कार्यक्रम का पोस्टर केन्द्र की फासिस्ट मोदी सरकार...
पहले जरूरी आवश्यकताओं पर पैसा खर्च हो, मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध हो ! एक बाप स्ट्रेचर पर तडपते हुए अपने बेटे...
गुडबाय जेलेंस्की और नाटो अमरीकी खुफिया एजेंसी सीआईए के पूर्व अधिकारी लैरी जानसन ने कहा है कि सीआईए जेलेंस्की की...
'NAZARIYA' : Land Struggles in India मनीष आजाद सोशल मीडिया / इंटरनेट और तेज़ी से बदलते दौर में लघु-पत्रिकाओं के...
'प्रतिभा एक डायरी' दुनिया के किसी भी हिस्से में उत्पीड़ित, शोषित जनता द्वारा शोषण उत्पीड़न के खिलाफ, साम्राज्यवादी लूट के खिलाफ, जाति, धर्म, नस्ल, क्षेत्र, लिंग के आधार पर हो रहे जुल्म के खिलाफ बुलंद किए गए आवाज का पक्षधर है. इस वेबसाइट पर प्रकाशित किसी भी रचना को जनहित में किसी भी भाषा में, अंशतः या पूर्णत: प्रकाशित किया जा सकता है. अनुमति लेने की आवश्यकता नहीं है.
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