संघियों के कॉरपोरेट्स देश में भूखा-नंगा गुलाम देश
संघी बौरा गया है. उसे कुछ भी नहीं सूझ रहा है. उसे जनता से तो कोई मतलब है नहीं. मंहगाई,...
'प्रतिभा एक डायरी' दुनिया के किसी भी हिस्से में उत्पीड़ित, शोषित जनता द्वारा शोषण उत्पीड़न के खिलाफ, साम्राज्यवादी लूट के खिलाफ, जाति, धर्म, नस्ल, क्षेत्र, लिंग के आधार पर हो रहे जुल्म के खिलाफ बुलंद किए गए आवाज का पक्षधर है. इस वेबसाइट पर प्रकाशित किसी भी रचना को जनहित में किसी भी भाषा में, अंशतः या पूर्णत: प्रकाशित किया जा सकता है. अनुमति लेने की आवश्यकता नहीं है.
संघी बौरा गया है. उसे कुछ भी नहीं सूझ रहा है. उसे जनता से तो कोई मतलब है नहीं. मंहगाई,...
हां मुझे चरित्रहीन औरतें पसंद है ... हां मुझे भी चरित्रहीन औरतें पसंद हैं… बेहद… बेहद.. खूबसूरत होतीं है...
क्या भारत में लोकतंत्र समाप्त हो चुका है और तानाशाही लागू हो गया है ? रविश कुमार इसमें क्या लगाने...
गालियां और कु-संस्कृति : हम बहुत खतरनाक समय में जी रहे हैं जगदीश्वर चतुर्वेदी बेगैरत और बेशर्म बना देती है...
बिहार की राजनीति का एक ध्रुव हैं लालू प्रसाद यादव सुब्रतो चटर्जी बिहार की राजनीति का एक ध्रुव लालू यादव...
हरेक कविता निर्वासन में ही लिखी जाती है हरेक कवि निर्वासन में ही रहता है अनाम गोत्र फूलों के जंगल...
सुप्रीम कोर्ट से कोई उम्मीद नहीं बची - कपिल सिब्बल 'सुप्रीम कोर्ट से कोई उम्मीद नहीं बची,' यह तो देश...
माननीय जनता, जिस दौर में मोदी-शाह की ED के डर से विपक्ष के विधायक ख़ुद ही कार चलाकर BJP में...
आने वाले दिनों में गुजरात में चुनाव होने वाले हैं. तिरंगा अभियान के तहत 20 करोड़ घरों पर तिरंगा फहराने...
हमारे बुद्ध, उनके वाले जैसे नहीं हैं हमारे बुद्ध मुंह से बाभन नही पैदा करते न ही पैरों से शूद्र...
'प्रतिभा एक डायरी' दुनिया के किसी भी हिस्से में उत्पीड़ित, शोषित जनता द्वारा शोषण उत्पीड़न के खिलाफ, साम्राज्यवादी लूट के खिलाफ, जाति, धर्म, नस्ल, क्षेत्र, लिंग के आधार पर हो रहे जुल्म के खिलाफ बुलंद किए गए आवाज का पक्षधर है. इस वेबसाइट पर प्रकाशित किसी भी रचना को जनहित में किसी भी भाषा में, अंशतः या पूर्णत: प्रकाशित किया जा सकता है. अनुमति लेने की आवश्यकता नहीं है.
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