कश्मीर के वर्तमान हालात में ‘नन्दिता हक्सर’ की किताब ‘मेनी फे़सेज ऑफ़ कश्मीरी नेशनलिज्म: फ्राम दि कोल्ड वार टू दि...
Read moreDetailsराम अयोध्या सिंह यह भी अजीब तमाशा है साहब. साहब देश बेचकर राष्ट्र का नवनिर्माण और विकास कर रहे हैं,...
Read moreDetailsखुल्ला खेल अहमदाबादी : धंधा पहले धर्म बाद में गिरीश मालवीय इस देश में 'खुल्ला खेल अहमदाबादी' चल रहा है....
Read moreDetailsयह वाकया 1994 का है. सिंगापुर की यात्रा पर गये पी. वी. नरसिंहराव वहां के पीएम के साथ साझा प्रेस...
Read moreDetailsविष्णु नागर भारत में आजकल केवल एक सत्यवादी बचा है - वन एंड ओनली सत्यवादी, बाकी 2014 के मध्य तक...
Read moreDetailsजगदीश्वर चतुर्वेदी जो लोग इतनी तबाही के बाद भी मोदी-मोदी के नशे में चूर हैं, उनके लिए हम तो यही...
Read moreDetailsअरबों से मुक़ाबला करने के लिए रवीश कुमार ने की अक्षय कुमार से अपील, लिखा पत्र आदरणीय अक्षय कुमार जी,...
Read moreDetailsलॉकडाउन का एक डरावना-क्रूर चेहरा : गरीबों की साईकिल बेचकर यूपी सरकार कमाई 21 लाख रुपये प्रियदर्शन, एक्ज़ीक्यूटिव एडिटर, NDTV इंडिया...
Read moreDetailsमुक्तिबोध की दिग्विजयी यादें कनक तिवारी, वरिष्ठ अधिवक्ता, उच्च न्यायालय, छत्तीसगढ़ मुक्तिबोध को 1958 में साइंस काॅलेज रायपुर के प्रथम...
Read moreDetailsजयचंद्र, जिन्हें जयचंद (1170-1194) के नाम से भी जाना जाता है, कन्नौज के एक गहड़वाल शासक थे. इन पर अक्सर...
Read moreDetails'प्रतिभा एक डायरी' दुनिया के किसी भी हिस्से में उत्पीड़ित, शोषित जनता द्वारा शोषण उत्पीड़न के खिलाफ, साम्राज्यवादी लूट के खिलाफ, जाति, धर्म, नस्ल, क्षेत्र, लिंग के आधार पर हो रहे जुल्म के खिलाफ बुलंद किए गए आवाज का पक्षधर है. इस वेबसाइट पर प्रकाशित किसी भी रचना को जनहित में किसी भी भाषा में, अंशतः या पूर्णत: प्रकाशित किया जा सकता है. अनुमति लेने की आवश्यकता नहीं है.
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