मीडिया वालों, कलम छोड़ दो कट्टे थाम लो….!
मीडिया वालों, कलम छोड़ दो कट्टे थाम लो....! आभा शुक्ला देखिए मीडिया की डिमांड है कि मुख्तार अंसारी की मई...
Read moreDetailsमीडिया वालों, कलम छोड़ दो कट्टे थाम लो....! आभा शुक्ला देखिए मीडिया की डिमांड है कि मुख्तार अंसारी की मई...
Read moreDetailsडार्विन की युगांतरकारी पुस्तक ‘ऑरिजन ऑफ स्पीसीज’ के प्रकाशन के डेढ़ सौ साल पूरे हो रहे हैं. प्रकाशित होते ही...
Read moreDetailsआभा शुक्ला मुझे अतीक अहमद से पूरी हमदर्दी है, जी हां हमदर्दी है... क्योंकि अतीक एक सेक्युलर राजनीति के पक्षधर...
Read moreDetailsचीन की बनी कील भारतीय औद्योगिक विकास पर सवालिया निशान है ! इन कीलों को देख रहे हैं. ये चीन...
Read moreDetailsनिराश नहीं हूं प्रिय न ही है तुमसे शिकायत कुछ ही दिनों में जी लिया पूरा जनम हमने साथ निभाने...
Read moreDetails'प्रतिभा एक डायरी' दुनिया के किसी भी हिस्से में उत्पीड़ित, शोषित जनता द्वारा शोषण उत्पीड़न के खिलाफ, साम्राज्यवादी लूट के खिलाफ, जाति, धर्म, नस्ल, क्षेत्र, लिंग के आधार पर हो रहे जुल्म के खिलाफ बुलंद किए गए आवाज का पक्षधर है. इस वेबसाइट पर प्रकाशित किसी भी रचना को जनहित में किसी भी भाषा में, अंशतः या पूर्णत: प्रकाशित किया जा सकता है. अनुमति लेने की आवश्यकता नहीं है.
© 2026 Pratibha Ek Diary. All Rights Reserved.