Saturday, March 7, 2026
Pratibha Ek Diary
  • ब्लॉग
  • गेस्ट ब्लॉग
  • युद्ध विज्ञान
  • लघुकथा
  • पुस्तक / फिल्म समीक्षा
  • कविताएं
  • ई-पुस्तकालय
No Result
View All Result
Pratibha Ek Diary
  • ब्लॉग
  • गेस्ट ब्लॉग
  • युद्ध विज्ञान
  • लघुकथा
  • पुस्तक / फिल्म समीक्षा
  • कविताएं
  • ई-पुस्तकालय
No Result
View All Result
Pratibha Ek Diary
No Result
View All Result
Home ब्लॉग

मुख्यधारा की दलाल-बिकाऊ मीडिया पर भारी छोटी वैकल्पिक मीडिया

ROHIT SHARMA by ROHIT SHARMA
October 10, 2017
in ब्लॉग
1
585
SHARES
3.2k
VIEWS
Share on FacebookShare on Twitter

तिहाड़ी सुुधीर चौधरी, अरनब गोस्वामी, अंजना ओम मोदी (कश्यप) आदि जैसे भारी-भरकम दलाल पत्रकार दलाली करने और देश की जनता को झूठी और अनर्गल खबरें देकर एक ओर जनता को गुमराह करती है तो वहीं जनता की मुख्य समस्या शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार, भ्रष्टाचार आदि को दबाने का काम पूरी निर्लज्जतापूर्वक करती है. ये तमाम तथाकथित मुख्यधारा की मीडिया इसके बदले में भारी कमाई करती है और मोदी और भाजपा के तलबे चाटती है. वही छोटी मीडिया, छोटे वेबसाईट्स, सोशल मीडिया के माध्यम से देश जनता अपनी खुद की आवाज को उठाती है और मुख्यधारा की तलबाचाटू मीडिया को आईना दिखा जाती है.

खबरों और सच्चाई के लिए देश की जागरूक जनता अब इन तलबाचाटू मीडिया की मोहताज नहीं रही है. दलाल मीडिया के भारी-भरकम प्रयासों के बाद भी जब सच्चाई किसी न किसी रूप में देश की जनता तक पहुंच जाती है, तब अपनी विश्वसनीयता की संकट से घिरे ये दलाल पत्रकार और मीडिया संस्थान किसी तरह उन खबरों को दबाने या झुठलाने में जुट जाती है. अन्तर्राष्ट्रीय संस्थान भी भारत की मुख्यधारा की मीडिया को सर्वाधिक भ्रष्ट और दलाल घोषित कर चुकी है.

‘द वायर’ जैसी छोटी वेबसाईट्स ने जब अमित शाह के पुत्र के कारोबार में 16,000 प्रतिशत की उच्चकोटि की बेहिसाब बढ़ोतरी की खबरों को प्रसारित किया तब भाजपा और उसके तमाम दलाल मीडिया संस्थानों के हाथ-पैर फुल गये और इस खबरों को झुठलाने की कोशिश पूरी ताकत से करने लगे तो वहीं अमित शाह के बेटे जय शाह की वकालत करते हुए भारत सरकार के एक मंत्री पीयूष गोयल इस खबरों का सामना करने के वजाय निर्लज्जतापूर्वक हंसते हुए ‘द वायर’ के ही खिलाफ 100 करोड़ रूपये के मानहानि का मुकदमा दर्ज करने बात प्रेसवार्ता में करने लगे.

You might also like

तुर्की के इस्तांबुल में भारतीय दूतावास के सामने विरोध प्रदर्शन: ‘ऑपरेशन कगार बंद करो’ और ‘नरसंहार बंद करो’ की मांग को लेकर नारे और रैलियां

नेपाल : ‘सभी वामपंथी, प्रगतिशील, देशभक्त और लोकतांत्रिक छात्र, आइए एकजुट हों !’, अखिल नेपाल राष्ट्रीय स्वतंत्र छात्र संघ (क्रांतिकारी)

सीपीआई माओवादी के नेता हिडमा समेत दर्जनों नेताओं और कार्यकर्ताओं की फर्जी मुठभेड़ के नाम पर हत्या के खिलाफ विरोध सभा

विदित हो कि पूर्व में ही यह खबर आ चुकी है कि भाजपा के महज 3 साल के शासनकाल में अमित शाह की सम्पत्ति में जहां 300 गुना की बढ़ोतरी हुई है, वहीं भाजपा के तमाम नेताओं, मंत्रियों, विधायकों के सम्पत्ति में 300 प्रतिशत से 21,000 प्रतिशत की बढ़ोतरी की खबरें सामने आ चुकी है, जिस पर सुप्रीम कोर्ट ने भी सवाल उठाया है. देश की जनता के टैक्स से जमा की गई सार्वजनिक सम्पत्ति की इतनी बड़ी लूटखसोट की भारत के समूचे इतिहास में अब तक अनसुनी है. अंग्रेज भी अपने 200 साल के शासनकाल में इतनी भारी लूट-खसोट नहीं मचाई जितनी भाजपा के साढ़े तीन साल में भाजपा के नेता और मंत्रियों ने मचाई है. ‘70 साल, 70 साल’ का राग अलापते हुए देश को मध्ययुग में धकेल देने वाली भाजपा आज देश भर में लाखों लोगों को बेरोजगार कर दिया है, हजारों किसानों को आत्महत्या पर मजबूर कर दिया है, हजारों स्कूल-काॅलेजों को बंद करा दिया है, भ्रष्टाचार के गहरे भंवर में देश को फंसा दिया गया है, भाजपा के नेता हत्या, बलात्कार, बच्चा चोरी, स्मगलिंग, नकली नोट छापने, देश की खुफिया सैन्य जानकारी विदेशी जासूसों को बेचने आदि जैसे अवैध और देशविरोधी गतिविधि में लिप्त है. औरतों और लड़कियों पर हमले बढ़ गये हैं.

सरकार के बनते ही विकास की चकाचैंध दिखाते हुए मोदी ने मई, 2014 के बाद से अबतक के 40 माहों में 12 लाख करोड़ रूपये से ज्यादा का कर्ज बैंक से ले चुकी है. देश के आम खाताधारकों का पैसा बैंकों के माध्यम से मोदी सरकार के देश के 100 काॅरपोरेट घरानों को रेबड़ी की तरह बांट चुकी है. रिजर्व बैंके के आंकड़ों के अनुसार सरकार ने देश के बैंकों से 42 लाख करोड़ का भारी कर्ज ले रखा है, जो कि रिजर्व बैंक द्वारा जारी प्रचलित करेंसी की तुलना में 280 प्रतिशत है. वहीं बैंक अपने कर्ज की भरपाई के लिए आम खाताधारकों पर नये नये तरीके से वसूली कर रही है.

नोटबंदी जैसे घातक प्रयोग से तत्काल जहां सैकड़ों लोग मौत के मूंह में चले गये हैं, तो वहीं देश की जीडीपी गिर कर 3 प्रतिशत आ पहुंची है. व्यापार और उद्योग बंद हो गये. लाखों लोग बेरोजगार हो गये. एक रिपोर्ट के अनुसार देश में प्रतिदिन 12,500 लोग बेरोजगार हो रहे हैं और भारत सरकार के मंत्री पीयूष गोयल का कहना है कि यह अच्छा संकेत हैं. असल में नोटबंदी देश में अबतक का सबसे भारी घोटाला है जिसमें तकरीबन 8.5 लाख करोड़ रूपये का गबन हुआ है. भ्रष्ट मोदी ने भ्रष्टाचार को ही देश का आचार घोषित कर जीएसटी जैसी गैर-जरूरी टैक्स प्रणाली को लाकर देशभर में हाहाकार मचा दिया और हाथ-पैर नचाते हुए अभिनय करते हुए देश को गलत जानकारी देकर गुमराह किया है. आय पर लगने वाले टैक्स को बंद कर अब वस्तु और सेवा पर टैक्स लगाकर देश की तमाम मध्यवर्ग और निम्नवर्ग को जहां भारी टैक्स चुकाने पर बाध्य कर दिया है तो वही देश की 100 सर्वाधिक अमीर परिवारों को टैक्स से बाहर कर और भी ज्यादा अमीर बना दिया है. यह देश की विडंबना ही है कि देश की जनता ने अंबानी के दलाल और सैल्समैन को देश का प्रधानमंत्री बना दिया.

ये सारे सवाल मुख्यधारा की दलाल बिकाऊ मीडिया के विमर्श से बाहर है. वहीं वैकल्पिक मीडिया छोटी वेबसाईट्स, सोशल मीडिया पर नियंत्रण करने और धमकाने की कवायद भाजपा सरकार और मुख्यधारा की तलबाचाटू मीडिया लगातार चला रही है.

Previous Post

भाजपा का ‘राष्ट्रवाद’ !

Next Post

कैसा सम्मान ? गत्ते और बोरी में जवानों का शव

ROHIT SHARMA

ROHIT SHARMA

'प्रतिभा एक डायरी' दुनिया के किसी भी हिस्से में उत्पीड़ित, शोषित जनता द्वारा शोषण उत्पीड़न के खिलाफ, साम्राज्यवादी लूट के खिलाफ, जाति, धर्म, नस्ल, क्षेत्र, लिंग के आधार पर हो रहे जुल्म के खिलाफ बुलंद किए गए आवाज का पक्षधर है. इस वेबसाइट पर प्रकाशित किसी भी रचना को जनहित में किसी भी भाषा में, अंशतः या पूर्णत: प्रकाशित किया जा सकता है. अनुमति लेने की आवश्यकता नहीं है.

Related Posts

ब्लॉग

तुर्की के इस्तांबुल में भारतीय दूतावास के सामने विरोध प्रदर्शन: ‘ऑपरेशन कगार बंद करो’ और ‘नरसंहार बंद करो’ की मांग को लेकर नारे और रैलियां

by ROHIT SHARMA
December 22, 2025
ब्लॉग

नेपाल : ‘सभी वामपंथी, प्रगतिशील, देशभक्त और लोकतांत्रिक छात्र, आइए एकजुट हों !’, अखिल नेपाल राष्ट्रीय स्वतंत्र छात्र संघ (क्रांतिकारी)

by ROHIT SHARMA
November 25, 2025
ब्लॉग

सीपीआई माओवादी के नेता हिडमा समेत दर्जनों नेताओं और कार्यकर्ताओं की फर्जी मुठभेड़ के नाम पर हत्या के खिलाफ विरोध सभा

by ROHIT SHARMA
November 20, 2025
ब्लॉग

‘राजनीतिक रूप से पतित देशद्रोही सोनू और सतीश को हमारी पार्टी की लाइन की आलोचना करने का कोई अधिकार नहीं है’ : सीपीआई-माओवादी

by ROHIT SHARMA
November 11, 2025
ब्लॉग

आख़िर स्तालिन के अपराध क्या था ?

by ROHIT SHARMA
November 6, 2025
Next Post

कैसा सम्मान ? गत्ते और बोरी में जवानों का शव

Comments 1

  1. S. Chatterjee says:
    8 years ago

    फासीवाद पूंजीवाद का सबसे घृणित रूप है जो अब खुलकर सामने आ गया है।

    Reply

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Recommended

भगत सिंह को ‘छिछोरा’ कहने वाला संघी क्यों कांग्रेस, गांधी और नेहरू को गद्दार बताता है ?

May 28, 2019

नकारा सुप्रीम कोर्ट का हाथरस पर अट्टहास

October 7, 2020

Categories

  • Subroto's Corner
  • Uncategorized
  • आभा का पन्ना
  • कविताएं
  • गेस्ट ब्लॉग
  • पुस्तक / फिल्म समीक्षा
  • ब्लॉग
  • युद्ध विज्ञान
  • लघुकथा

Don't miss it

गेस्ट ब्लॉग

टीकेपी-एमएल का बयान : ‘भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (माओवादी) के नेतृत्व में लड़ रही पीपुल्स लिबरेशन गुरिल्ला आर्मी (पीएलजीए) की 25वीं स्थापना वर्षगांठ को लाल सलाम !’

March 1, 2026
गेस्ट ब्लॉग

‘संयुक्त राष्ट्र की रिपोर्ट में गाजा और वेस्ट बैंक में जातीय सफाए की संभावना’ – जीन शाउल (WSWS)

March 1, 2026
गेस्ट ब्लॉग

पाउलो फ्रेरे : ‘कोई भी शिक्षा तटस्थ नहीं होती, लोगों को बदलने के लिए तैयार करता है अथवा सत्ता की रक्षा करता है.’

February 27, 2026
गेस्ट ब्लॉग

‘हमें नक्सलबाड़ी के रास्ते पर दृढ़ता से कायम रहना चाहिए’ – के. मुरली

February 24, 2026
लघुकथा

एन्काउंटर

February 14, 2026
लघुकथा

धिक्कार

February 14, 2026

About Pratibha Ek Diary

'प्रतिभा एक डायरी' दुनिया के किसी भी हिस्से में उत्पीड़ित, शोषित जनता द्वारा शोषण उत्पीड़न के खिलाफ, साम्राज्यवादी लूट के खिलाफ, जाति, धर्म, नस्ल, क्षेत्र, लिंग के आधार पर हो रहे जुल्म के खिलाफ बुलंद किए गए आवाज का पक्षधर है. इस वेबसाइट पर प्रकाशित किसी भी रचना को जनहित में किसी भी भाषा में, अंशतः या पूर्णत: प्रकाशित किया जा सकता है. अनुमति लेने की आवश्यकता नहीं है.

Categories

  • Subroto's Corner
  • Uncategorized
  • आभा का पन्ना
  • कविताएं
  • गेस्ट ब्लॉग
  • पुस्तक / फिल्म समीक्षा
  • ब्लॉग
  • युद्ध विज्ञान
  • लघुकथा

Recent News

टीकेपी-एमएल का बयान : ‘भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (माओवादी) के नेतृत्व में लड़ रही पीपुल्स लिबरेशन गुरिल्ला आर्मी (पीएलजीए) की 25वीं स्थापना वर्षगांठ को लाल सलाम !’

March 1, 2026

‘संयुक्त राष्ट्र की रिपोर्ट में गाजा और वेस्ट बैंक में जातीय सफाए की संभावना’ – जीन शाउल (WSWS)

March 1, 2026

© 2026 Pratibha Ek Diary. All Rights Reserved.

No Result
View All Result
  • ब्लॉग
  • गेस्ट ब्लॉग
  • युद्ध विज्ञान
  • लघुकथा
  • पुस्तक / फिल्म समीक्षा
  • कविताएं
  • ई-पुस्तकालय

© 2026 Pratibha Ek Diary. All Rights Reserved.