Friday, April 24, 2026
Pratibha Ek Diary
  • ब्लॉग
  • गेस्ट ब्लॉग
  • युद्ध विज्ञान
  • लघुकथा
  • पुस्तक / फिल्म समीक्षा
  • कविताएं
  • ई-पुस्तकालय
No Result
View All Result
Pratibha Ek Diary
  • ब्लॉग
  • गेस्ट ब्लॉग
  • युद्ध विज्ञान
  • लघुकथा
  • पुस्तक / फिल्म समीक्षा
  • कविताएं
  • ई-पुस्तकालय
No Result
View All Result
Pratibha Ek Diary
No Result
View All Result
Home गेस्ट ब्लॉग

अपनी लड़ाई फिर वही से शुरू करनी होगी, जहां से छूट गई

ROHIT SHARMA by ROHIT SHARMA
November 27, 2018
in गेस्ट ब्लॉग
0
3.3k
VIEWS
Share on FacebookShare on Twitter

अपनी लड़ाई फिर वही से शुरू करनी होगी, जहां से छूट गई

बीजेपी जाएगी कांग्रेस आ जायेगी. सिर्फ एक चीज से राहत मिलेगी और वह है लुटेरे खुद को राष्ट्रभक्त कह देशभक्ति को बदनाम तो नहीं करेंगे और जबरन अपने मन की बात पर हामी भराने पर मजबूर नहीं करेंगे.कांग्रेस को जम कर कोसने पर गाली-गलौज करने तो नहीं आएंगे और सबसे अधिक मुस्लिम, दलित समुदाय खुश होगा, क्योंकि उनको बाकी देशवासियों से डबल ट्रिपल झेलना पड़ा. इसके सिवाय कुछ नहीं बदलेगा.

You might also like

दिल्ली में FACAM के द्वारा आयोजित कार्यक्रम के नेतृत्वकर्ताओं पर दिल्ली पुलिस के आक्रामकता के खिलाफ बयान

व्लादिमीर लेनिन का लियोन ट्रॉट्स्की के बारे में क्या मत था !

दस्तावेज़ :  ईरान की तुदेह पार्टी का संक्षिप्त इतिहास

किसान, मजदूर, युवा, महिलाओं को अपनी लड़ाई फिर वही से शुरू करनी होगी, जहां से छूट गई. भ्रष्टाचार पर फिर से बात करनी होगी. विकास के चश्मे को कॉर्पोरेट और विदेशी संस्थागत निवेश के बजाय 120 करोड़ की नजर से देखने पर कांग्रेस को बाध्य आपको ही करना पड़ेगा.




उनके पास तो मनमोहन सिंह ने जो चश्मा 1992 में पहनाया था, वही आज तक पहनकर वाजपेई-मनमोहन-मोदी राज में 3 लाख से ज्यादा किसान आत्महत्या कर चुके. बेरोजगारी और अर्ध-बेरोजगारी के मामले में देश कम से कम 20 करोड़ युवाओं का बोझ झेल रहा है, जो कभी गौ रक्षक, तो कभी मंदिर मस्जिद बनाने पर काम आता है इनके.

देश के बेरोजगारों का एक अखिल भारतीय संगठन की जरुरत है. देश के सभी ग्रामीण आबादी जो प्रतिदिन 2500 परिवार शहरों में पलायन कर रहा है, और उनका हाल लेने वाला शहरों में कोई नहीं. पूरे देश में एक राज्य से दूसरे राज्य में पलायन हर वर्ष लाखों की संख्या में हो रहा है, लेकिन उसे नियोजन करने वाला और उनकी देखभाल करने वाला न होम स्टेट है और न वह राज्य जहां ये लाखों लोग प्रवासी बन रहे हैं.

शहरी नागरिकों को बढ़ती आबादी और प्रदूषण से जूझने के लिए केंद्र, राज्य सरकार और नगर निगम के पास ढेले की योजना नहीं है.




यह सब काम कौन करेगा ?

इस बार की मोदी सरकार के पास तो हर राज्य और जिला चुनाव लड़ते-लड़ते साढ़े चार साल गुजर गए. पूरा देश इन पांच साल यही सब देखता रहा. मोदी जी भी पिछली योजनाओं का उद्घाटन कम भाषण झड़ते रहे.

सबसे बड़ी बात, आज कॉरर्पोरेट के कब्जे में हमारी चुनी हुई सरकारों की गर्दन इतनी ज्यादा कसी है कि चाहकर भी ये कुछ नहीं बदल सकते. सिर्फ देश के नागरिक ही कर सकते हैं. लेकिन उन्हें हिन्दू-मुस्लिम-पंडित-ठाकुर-अहीर-दलित की जगह भारतीय होना पड़ेगाऔर यह कोई पार्टी नहीं कर सकती.

लेफ्ट इसे कर सकती थी लेकिन उसके पास वह बड़ा फलक 50 के दशक के बाद फिर देखने को नहीं मिला. लेकिन क्या हम सब मिलकर यह विज़न देश को दे सकते हैं ? नहीं देंगे तो यह देश बड़ी तेजी से बहुत गरीब होने जा रहा है, अम्बानी अडानी को छोड़कर.

  • रविन्द्र पटवाल





Read Also –

फासीवाद विरोधी शक्तियों से आह्वान
देश का सारा पैसा जा कहां रहा है ?
नागरिकों की हत्या और पूंजीतियों के लूट का साझेदार
मोदी का अंबानीनामा : ईस्ट इंडिया कंपनी-II




[ प्रतिभा एक डायरी स्वतंत्र ब्लाॅग है. इसे नियमित पढ़ने के लिए सब्सक्राईब करें. प्रकाशित ब्लाॅग पर आपकी प्रतिक्रिया अपेक्षित है. प्रतिभा एक डायरी से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक और गूगल प्लस पर ज्वॉइन करें, ट्विटर पर फॉलो करे…]

Previous Post

कांग्रेस और भाजपा एक सिक्के के दो पहलू

Next Post

अयोध्या भारत की साझी विरासत

ROHIT SHARMA

ROHIT SHARMA

'प्रतिभा एक डायरी' दुनिया के किसी भी हिस्से में उत्पीड़ित, शोषित जनता द्वारा शोषण उत्पीड़न के खिलाफ, साम्राज्यवादी लूट के खिलाफ, जाति, धर्म, नस्ल, क्षेत्र, लिंग के आधार पर हो रहे जुल्म के खिलाफ बुलंद किए गए आवाज का पक्षधर है. इस वेबसाइट पर प्रकाशित किसी भी रचना को जनहित में किसी भी भाषा में, अंशतः या पूर्णत: प्रकाशित किया जा सकता है. अनुमति लेने की आवश्यकता नहीं है.

Related Posts

गेस्ट ब्लॉग

दिल्ली में FACAM के द्वारा आयोजित कार्यक्रम के नेतृत्वकर्ताओं पर दिल्ली पुलिस के आक्रामकता के खिलाफ बयान

by ROHIT SHARMA
April 16, 2026
गेस्ट ब्लॉग

व्लादिमीर लेनिन का लियोन ट्रॉट्स्की के बारे में क्या मत था !

by ROHIT SHARMA
March 28, 2026
गेस्ट ब्लॉग

दस्तावेज़ :  ईरान की तुदेह पार्टी का संक्षिप्त इतिहास

by ROHIT SHARMA
March 28, 2026
गेस्ट ब्लॉग

अगर अमेरिका ‘कब्ज़ा’ करने के मक़सद से ईरान में उतरता है, तो यह अमेरिका के लिए एस्केलेशन ट्रैप साबित होगा

by ROHIT SHARMA
March 28, 2026
गेस्ट ब्लॉग

ईरान की तुदेह पार्टी की केंद्रीय समिति की बैठक का प्रस्ताव

by ROHIT SHARMA
March 28, 2026
Next Post

अयोध्या भारत की साझी विरासत

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Recommended

मोदी के सुप्रीम कुत्तों का न्याय : हिमांशु कुमार जेल जायेंगे, हत्यारा मौज मनायेगा

July 21, 2022

मयंक सक्सेना : जिंदगी लंबी नहीं, भरपूर होनी चाहिए बाबू मोशाय !

June 29, 2024

Categories

  • Subroto's Corner
  • Uncategorized
  • आभा का पन्ना
  • कविताएं
  • गेस्ट ब्लॉग
  • पुस्तक / फिल्म समीक्षा
  • ब्लॉग
  • युद्ध विज्ञान
  • लघुकथा

Don't miss it

गेस्ट ब्लॉग

दिल्ली में FACAM के द्वारा आयोजित कार्यक्रम के नेतृत्वकर्ताओं पर दिल्ली पुलिस के आक्रामकता के खिलाफ बयान

April 16, 2026
गेस्ट ब्लॉग

व्लादिमीर लेनिन का लियोन ट्रॉट्स्की के बारे में क्या मत था !

March 28, 2026
गेस्ट ब्लॉग

दस्तावेज़ :  ईरान की तुदेह पार्टी का संक्षिप्त इतिहास

March 28, 2026
गेस्ट ब्लॉग

अगर अमेरिका ‘कब्ज़ा’ करने के मक़सद से ईरान में उतरता है, तो यह अमेरिका के लिए एस्केलेशन ट्रैप साबित होगा

March 28, 2026
गेस्ट ब्लॉग

ईरान की तुदेह पार्टी की केंद्रीय समिति की बैठक का प्रस्ताव

March 28, 2026
कविताएं

विदेशी हरामज़ादों का देसी इलाज !

March 22, 2026

About Pratibha Ek Diary

'प्रतिभा एक डायरी' दुनिया के किसी भी हिस्से में उत्पीड़ित, शोषित जनता द्वारा शोषण उत्पीड़न के खिलाफ, साम्राज्यवादी लूट के खिलाफ, जाति, धर्म, नस्ल, क्षेत्र, लिंग के आधार पर हो रहे जुल्म के खिलाफ बुलंद किए गए आवाज का पक्षधर है. इस वेबसाइट पर प्रकाशित किसी भी रचना को जनहित में किसी भी भाषा में, अंशतः या पूर्णत: प्रकाशित किया जा सकता है. अनुमति लेने की आवश्यकता नहीं है.

Categories

  • Subroto's Corner
  • Uncategorized
  • आभा का पन्ना
  • कविताएं
  • गेस्ट ब्लॉग
  • पुस्तक / फिल्म समीक्षा
  • ब्लॉग
  • युद्ध विज्ञान
  • लघुकथा

Recent News

दिल्ली में FACAM के द्वारा आयोजित कार्यक्रम के नेतृत्वकर्ताओं पर दिल्ली पुलिस के आक्रामकता के खिलाफ बयान

April 16, 2026

व्लादिमीर लेनिन का लियोन ट्रॉट्स्की के बारे में क्या मत था !

March 28, 2026

© 2026 Pratibha Ek Diary. All Rights Reserved.

No Result
View All Result
  • ब्लॉग
  • गेस्ट ब्लॉग
  • युद्ध विज्ञान
  • लघुकथा
  • पुस्तक / फिल्म समीक्षा
  • कविताएं
  • ई-पुस्तकालय

© 2026 Pratibha Ek Diary. All Rights Reserved.