ROHIT SHARMA

ROHIT SHARMA

'प्रतिभा एक डायरी' दुनिया के किसी भी हिस्से में उत्पीड़ित, शोषित जनता द्वारा शोषण उत्पीड़न के खिलाफ, साम्राज्यवादी लूट के खिलाफ, जाति, धर्म, नस्ल, क्षेत्र, लिंग के आधार पर हो रहे जुल्म के खिलाफ बुलंद किए गए आवाज का पक्षधर है. इस वेबसाइट पर प्रकाशित किसी भी रचना को जनहित में किसी भी भाषा में, अंशतः या पूर्णत: प्रकाशित किया जा सकता है. अनुमति लेने की आवश्यकता नहीं है.

भारतीय लोकतंत्र पूंजी के हाथों का खिलौना

हेमन्त कुमार झा, एसोसिएट प्रोफेसर, पाटलीपुत्र विश्वविद्यालय, पटना अमेरिका के न्यायिक इतिहास में एक मशहूर जज हुए हैं लुइस ब्रैंडिस. एक...

अदानी के बाद वेदांता : क्या लोकतंत्र, क्या सत्ता और क्या जनता–सब इस पूंजीवाद के गुलाम हैं

अदानी के बाद वेदांता : क्या लोकतंत्र, क्या सत्ता और क्या जनता–सब इस पूंजीवाद के गुलाम हैं सौमित्र राय भारत...

सीजेआई टी. एस. ठाकुर के बाद डी. वाई. चंद्रचूड़ की अगुवाई वाली सुप्रीम कोर्ट का बेहतरीन प्रदर्शन

सीजेआई टी. एस. ठाकुर के बाद डी. वाई. चंद्रचूड़ की अगुवाई वाली सुप्रीम कोर्ट का बेहतरीन प्रदर्शन सुप्रीम कोर्ट के...

Page 157 of 521 1 156 157 158 521

Recommended

Don't miss it