मनमीत, स्वतंत्र पत्रकार फासीवादी सरकार वहां कायम होती है, जहां समाज जाहिल होता है. एक जाहिल समाज हर काल में...
Read moreDetailsइसे लोकतंत्र की गंभीर खामियों में गिना जाना चाहिए जब एक आवारागर्द अनपढ़ गुंडा देश की सत्ता पर काबिज हो...
Read moreDetailsदेश की रीढ़ हैं केंद्रीय व राज्य के सरकारी संस्थान व सरकारी कर्मचारी, लेकिन हम सभी मूर्खतावश निजीकरण (PRIVATIZATION) का...
Read moreDetailsरवीश कुमार, मैग्सेसे अवार्ड विजेता अन्तराष्ट्रीय पत्रकार मोदी को हर 2 साल पर सपने बेचने को नई जनता चाहिए, अबकी किसानों की...
Read moreDetailsरवीश कुमार, मैग्सेसे अवार्ड विजेता अन्तराष्ट्रीय पत्रकार किसान भाइयों और बहनों, सुना है आप सभी ने 25 सितंबर को भारत बंद...
Read moreDetailsसुशांत सिंह राजपूत की मौत से शुरु हुआ हत्या और आत्महत्या की पेंडुलम पर डोलती देश की राजनीतिक फिजा अब...
Read moreDetailsअमेरिका के एक किसान ने ट्वीट किया कि उसने 2018 में मक्का जिस कीमत पर बेचा, मक्के की उससे ज्यादा...
Read moreDetailsरवीश कुमार, मैग्सेसे अवार्ड विजेता अन्तराष्ट्रीय पत्रकार किसान भाइयों, आज आपकी आज़ादी का दिन है. सरकार ने इसकी घोषणा की है....
Read moreDetailsभारत में पीने के पानी का बाजार विकसित करने के लिये और उससे अकूत मुनाफा कमाने के लिये बड़ी कंपनियों...
Read moreDetailsगिरीश मालवीय किसान बिल का कानून बनने अब जा रहा है लेकिन कारपोरेट उसकी तैयारी बहुत पहले से ही शुरू...
Read moreDetails'प्रतिभा एक डायरी' दुनिया के किसी भी हिस्से में उत्पीड़ित, शोषित जनता द्वारा शोषण उत्पीड़न के खिलाफ, साम्राज्यवादी लूट के खिलाफ, जाति, धर्म, नस्ल, क्षेत्र, लिंग के आधार पर हो रहे जुल्म के खिलाफ बुलंद किए गए आवाज का पक्षधर है. इस वेबसाइट पर प्रकाशित किसी भी रचना को जनहित में किसी भी भाषा में, अंशतः या पूर्णत: प्रकाशित किया जा सकता है. अनुमति लेने की आवश्यकता नहीं है.
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