Friday, July 24, 2026
Pratibha Ek Diary
  • ब्लॉग
  • गेस्ट ब्लॉग
  • युद्ध विज्ञान
  • लघुकथा
  • पुस्तक / फिल्म समीक्षा
  • कविताएं
  • ई-पुस्तकालय
No Result
View All Result
Pratibha Ek Diary
  • ब्लॉग
  • गेस्ट ब्लॉग
  • युद्ध विज्ञान
  • लघुकथा
  • पुस्तक / फिल्म समीक्षा
  • कविताएं
  • ई-पुस्तकालय
No Result
View All Result
Pratibha Ek Diary
No Result
View All Result
Home गेस्ट ब्लॉग

रुस-यूक्रेन युद्व में अमरीका ने सबको फंसा दिया है

ROHIT SHARMA by ROHIT SHARMA
January 31, 2023
in गेस्ट ब्लॉग
0
3.2k
VIEWS
Share on FacebookShare on Twitter

दो दिन पहले ही उत्तर कोरिया राष्ट्रपति किम जोंग ने साफ किया है कि यूक्रेन को तबाह करने के लिए अमरीका जिम्मेदार है. किम ने कहा कि अगर अमरीका नहीं होता तो दुनिया में अपेक्षाकृत अधिक शांति बहाली कायम रहती. लेकिन ‘अमरीकी वित्त पोषित मीडिया’ रूस यूक्रेन युद्ध में बार-बार उत्तर कोरिया के नाम का इस्तेमाल कर सीधे तौर पर पुतिन के साथ बहस करने से बच रही है या पुतिन के बारे में लिखने से बच रही है.

इधर उत्तर कोरिया सरकार ने ह्वाइट हाउस को अनर्गल बयान देने से बाज आने के लिए कहा है. उधर दक्षिण कोरिया ने भी उत्तर कोरिया के साथ सीमा विवाद के मामलों को बातचीत के जरिए हल करने में रुचि दिखाई है. कहा जा रहा है कि विगत दिनों उत्तर कोरिया का एक हाइटेक ड्रोन दक्षिण कोरिया सीमा से लगभग 400 किमी अंदर चला गया था, जिसे दक्षिण कोरिया रक्षा विभाग नहीं गिरा पाया और इसके चलते दक्षिण कोरिया की जनता में भारी आक्रोश दिखा, जिसके लिए दक्षिण कोरिया सरकार ने अपने नागरिकों से क्षमा मांगी थी.

You might also like

उत्तर-आधुनिक अवसरवाद, भाग – 2, उत्तर समन्वय समिति (एनसीसी), भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (माओवादी)

उत्तर-आधुनिक अवसरवाद, भाग – 1, उत्तर समन्वय समिति (एनसीसी), भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (माओवादी)

क्या कम्युनिस्ट पार्टी ने वास्तव में सुभाष चन्द्र बोस को ‘तोजो का कुत्ता’ कहा था ?

बेलारूसी मीडिया के इनपुट के मुताबिक अभी फिलहाल बेलारूसी सीमा के भीतर रूस की लगभग 600 से अधिक सैन्य टुकड़ियां हैं, जिसके तहत 3 लाख 23 हजार सैनिकों का एक विशाल पड़ाव होने की बात कही जा रही है. नाटो देशों ने बेलारूस की धरती पर रूसी सैनिकों को पनाह देने के लिए बेलारूस पर अंतराष्ट्रीय आर्थिक प्रतिबंध लगाने की सिफारिश की है, जिसे बेलारूस ने नाटो की बदहवासी क़रार दिया है.

एक ताजा समाचार के अनुसार रूसी सैनिकों ने कीव पर हमले कम कर दिए हैं. क्रेमलिन ने कहा कि कीव में अब हमारे सैनिकों के लिए गतिरोध नहीं रहा है हालांकि ‘गतिरोध नहीं रहा है’ का मतलब फिलहाल क्रेमलिन ने स्पष्ट नहीं किया है. कुछ खबरों के मुताबिक पश्चिमी देश यूक्रेन को हाइटेक टैंक देने के लिए तैयार तो हुए हैं लेकिन जेलेंस्की उनकी मदद का ऋण कैसे अदा करेंगे, इस पर मामला साफ न होने से फिलहाल यूक्रेन को मदद मिलने में देरी हो सकती है.

यूक्रेन के खेरसान क्षेत्र से क्रेमलिन प्रशासक ने कल देर रात एक टिप्पणी में कहा कि रूसी सैनिकों ने कीव क्षेत्र से लगे इलाके में पिछले दो दिन के अंदर यूक्रेन के 13 टैंकों सहित दर्जनों सैनिकों को उड़ा दिया है. यूक्रेन समाचार इनपुट में भी पिछले तीन दिनों के भीतर 200 से अधिक सैनिक लापता बताए जा रहे हैं. बहरहाल युद्ध जारी है और रूस अभी पीछे किसी भी सूरतेहाल में नहीं हटने वाला है.

नाटो संगठन के एक पूर्व अधिकारी ने कहा है कि ‘उत्तर कोरिया, चीन सहित रूस को लगभग बहुत सारे देशों से मदद मिल रही है. यह हम इसलिए कह रहे हैं कि रूस हर रोज नये घातक हथियारों से सामने आ रहा है और ऐसा अकेला रूस अकेले अपने दम पर कर रहा है, यह सोचना मूर्खता है.’

  • ए. के. ब्राइट

Read Also –

[ प्रतिभा एक डायरी स्वतंत्र ब्लाॅग है. इसे नियमित पढ़ने के लिए सब्सक्राईब करें. प्रकाशित ब्लाॅग पर आपकी प्रतिक्रिया अपेक्षित है. प्रतिभा एक डायरी से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक और गूगल प्लस पर ज्वॉइन करें, ट्विटर हैण्डल पर फॉलो करे… एवं ‘मोबाईल एप ‘डाऊनलोड करें ]

scan bar code to donate
scan bar code to donate
Pratibha Ek Diary G Pay
Pratibha Ek Diary G Pay
Previous Post

हिंडनबर्ग रिपोर्ट : अडानी के गोरखधंधा की भेंट चढ़ी LIC, सरकार मौन

Next Post

हिंडनबर्ग के वो 88 सवाल जिसने अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर अडानी समूह, मोदी सरकार और उसके अंधभक्तों के गोरखधंधों को नंगा किया

ROHIT SHARMA

ROHIT SHARMA

'प्रतिभा एक डायरी' दुनिया के किसी भी हिस्से में उत्पीड़ित, शोषित जनता द्वारा शोषण उत्पीड़न के खिलाफ, साम्राज्यवादी लूट के खिलाफ, जाति, धर्म, नस्ल, क्षेत्र, लिंग के आधार पर हो रहे जुल्म के खिलाफ बुलंद किए गए आवाज का पक्षधर है. इस वेबसाइट पर प्रकाशित किसी भी रचना को जनहित में किसी भी भाषा में, अंशतः या पूर्णत: प्रकाशित किया जा सकता है. अनुमति लेने की आवश्यकता नहीं है.

Related Posts

गेस्ट ब्लॉग

उत्तर-आधुनिक अवसरवाद, भाग – 2, उत्तर समन्वय समिति (एनसीसी), भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (माओवादी)

by ROHIT SHARMA
July 20, 2026
गेस्ट ब्लॉग

उत्तर-आधुनिक अवसरवाद, भाग – 1, उत्तर समन्वय समिति (एनसीसी), भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (माओवादी)

by ROHIT SHARMA
July 20, 2026
गेस्ट ब्लॉग

क्या कम्युनिस्ट पार्टी ने वास्तव में सुभाष चन्द्र बोस को ‘तोजो का कुत्ता’ कहा था ?

by ROHIT SHARMA
July 12, 2026
गेस्ट ब्लॉग

जाति का सवाल वर्ग संघर्ष का ही एजेंडा है !

by ROHIT SHARMA
July 20, 2026
गेस्ट ब्लॉग

लोकतंत्र के अंतिम किले का पतन : भाजपा की ढाल बना चुनाव आयोग

by ROHIT SHARMA
June 16, 2026
Next Post

हिंडनबर्ग के वो 88 सवाल जिसने अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर अडानी समूह, मोदी सरकार और उसके अंधभक्तों के गोरखधंधों को नंगा किया

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Recommended

द ग्रेट गेम…वे कैलकुलेशन से सोचते हैं, हम अगले इलेक्शन की देखते हैं

October 28, 2024

कैसे आरएसएस की पाठ्यपुस्तकें मोदी के नेतृत्व में भारतीय इतिहास और विज्ञान बदल रही हैं

April 6, 2024

Categories

  • Subroto's Corner
  • Uncategorized
  • आभा का पन्ना
  • कविताएं
  • गेस्ट ब्लॉग
  • पुस्तक / फिल्म समीक्षा
  • ब्लॉग
  • युद्ध विज्ञान
  • लघुकथा

Don't miss it

Uncategorized

उत्तर-आधुनिक अवसरवाद, भाग – 3 : उत्तर समन्वय समिति, सीपीआई माओवादी

July 22, 2026
गेस्ट ब्लॉग

उत्तर-आधुनिक अवसरवाद, भाग – 2, उत्तर समन्वय समिति (एनसीसी), भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (माओवादी)

July 20, 2026
गेस्ट ब्लॉग

उत्तर-आधुनिक अवसरवाद, भाग – 1, उत्तर समन्वय समिति (एनसीसी), भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (माओवादी)

July 20, 2026
Uncategorized

‘ऑपरेशन कगार के खिलाफ और भारत में जनयुद्ध के समर्थन में लामबंदी जारी रखें’ – ICSPWI इटली

July 12, 2026
गेस्ट ब्लॉग

क्या कम्युनिस्ट पार्टी ने वास्तव में सुभाष चन्द्र बोस को ‘तोजो का कुत्ता’ कहा था ?

July 12, 2026
गेस्ट ब्लॉग

जाति का सवाल वर्ग संघर्ष का ही एजेंडा है !

July 20, 2026

About Pratibha Ek Diary

'प्रतिभा एक डायरी' दुनिया के किसी भी हिस्से में उत्पीड़ित, शोषित जनता द्वारा शोषण उत्पीड़न के खिलाफ, साम्राज्यवादी लूट के खिलाफ, जाति, धर्म, नस्ल, क्षेत्र, लिंग के आधार पर हो रहे जुल्म के खिलाफ बुलंद किए गए आवाज का पक्षधर है. इस वेबसाइट पर प्रकाशित किसी भी रचना को जनहित में किसी भी भाषा में, अंशतः या पूर्णत: प्रकाशित किया जा सकता है. अनुमति लेने की आवश्यकता नहीं है.

Categories

  • Subroto's Corner
  • Uncategorized
  • आभा का पन्ना
  • कविताएं
  • गेस्ट ब्लॉग
  • पुस्तक / फिल्म समीक्षा
  • ब्लॉग
  • युद्ध विज्ञान
  • लघुकथा

Recent News

उत्तर-आधुनिक अवसरवाद, भाग – 3 : उत्तर समन्वय समिति, सीपीआई माओवादी

July 22, 2026

उत्तर-आधुनिक अवसरवाद, भाग – 2, उत्तर समन्वय समिति (एनसीसी), भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (माओवादी)

July 20, 2026

© 2026 Pratibha Ek Diary. All Rights Reserved.

No Result
View All Result
  • ब्लॉग
  • गेस्ट ब्लॉग
  • युद्ध विज्ञान
  • लघुकथा
  • पुस्तक / फिल्म समीक्षा
  • कविताएं
  • ई-पुस्तकालय

© 2026 Pratibha Ek Diary. All Rights Reserved.